चट्टान पर बुद्धिमान ने बनाया अपना घर (3)

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चट्टान पर बुद्धिमान ने बनाया अपना घर (3) और ज़ोर की बारिश आई़, ज़ोर की बारिश आई, और तूफान भी उठा (3) पर बुद्धिमान का घर स्थिर रहा बालू पर मूर्ख ने बनाया अपना घर (3) और ज़ोर की बारिश आई़, ज़ोर की बारिश आई, और तूफान भी उठा (3) और मूर्ख का घर गिर गया