Har Pal Yeshu Ke Sang Me

हिन्दी

हर पल येशु के संग में हर रोज़ उसके सहारे (2) जुड़ा मैं हो नहीं सकती तुझसे मेरे येशु प्यारे (2) मोहब्बत है, मोहब्बत है मोहब्बत है येशु से (2) तुझसे दूर होकर तुझको भूलकर कुछ भी नहीं मैं कर सकूं तुझसे छोड़ कर क्या पा सकूं ऐसा कुछ नहीं धरती पर (2) (मोहब्बत है.......) तू ही मुझे तृप्त करता है जीवन की रोटी तू ही है प्यास भुजाए जो जीवन का झरना तू प्यासी हूं मे तेरे ऐ येशु (मोहब्बत है.......)