हिन्दी
१. जहां रखेंगे , हम कदमजयवंत होंगे, वहीं पर हम
शैतान के गढ़ को ढाएंगे
मुक्ती सभी को दिलायेंग। (२)
बढ़ेंगे साथ मिला के हाथ,
पहुचेंगे हर मुकाम पर
सुनायेंगे सुसमाचार
कलिसिया का होगा प्रसार। (२)
२. खेत खड़े हैं , पके हुए
मजदूर अभी भी थोड़े है ,
फसल समय पर कटेंगे
हर कीमत उसकी चुकायेंगे। (२)