Mere mangne se zyada mere sochne

हिन्दी

मेरे माँगने से ज़्यादा मेरे सोचने से अच्छा मैंने पायी है आशीष येशु से मैं भटका हुआ मुसाफिर मेरी राहों में थी मुश्किल मैंने पायी है मंज़िल येशु से (2) मेरे माँगने से ज़्यादा... गैरों ने छोड़ा, अपनों ने भी ठुकराया वीरान थी ज़िन्दगी आंखों में आंसू, तन्हाईओं की रातें मुश्किल में थी ज़िन्दगी 2 तूने अपना लहू बहाया, गुनाहों को मेरे धोया मैंने पायी है माफ़ी येशु से जीवन ये मेरा है तेरे हवाले, तुने ही दी हर ख़ुशी जाऊं जहाँ मैं दूँ तेरी गवाही, कितना अच्छा है तू मसीह 2 तूने बाहें फैलाई, मुझ को दे दी चंगाई मैंने पायी है शांति येशु से