हिन्दी
पावन है वो प्रभु हमारा
उसकी जय जयकार करो
निर्बल का वो बल है न्यारा
उसकी जय जयकार करो
जय हो, जय हो, जय हो – 2
1 दीन दुखियों का है दाता
भटके हुओं को राह दिखाता
सीधे मार्ग में हमें चलाता
उसकी जय जयकार करो;- जय हो...
2 प्रभु हमारा बड़ा महान
निर्बुद्धियों को देता ज्ञान
पतितों का वो बचाता प्राण
उसकी जय जयकार करो;- जय हो...
3 प्रभु की महिमा अपरंपार
जग का वो हे तारणहार
मानो उसे अपना आधार
उसकी जय जयकार करो;- जय हो...